http://www.nilkhamos.blogspot.com
भीड़ बहुत है मेले में,
तन्हा सही हम अकेले में।
बनाते हैं कारवाँ खुद से "खामोश",
नहीं आदत चलना काफिले में।
...…...............................................
अमित कुमार ख़ामोश
भीड़ बहुत है मेले में,
तन्हा सही हम अकेले में।
बनाते हैं कारवाँ खुद से "खामोश",
नहीं आदत चलना काफिले में।
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अमित कुमार ख़ामोश
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